Dayaram R. Dewasi
सफेद कपड़े पहने ये लोग हत्या जैसी घटनाओं को अंजाम दे रहे हैं : राजेन्द्र राठौड़ 😥‼️
सफेद कपड़े के नाम से डॉक्टर्स से ज्यादा नेता पहचाने जाते है।
मैंगो मेन को ये समझना होगा कि आपके असली गुनाहगार सफेद कोट वाले डॉक्टर्स नही बल्कि वो सफेदपोश नीति निर्धारक हैं जिनके लिए आपकी जान की कीमत किसी जानवर से अधिक नही ,जिन्हें किसी पशु के प्रसव और किसी महिला के प्रसव में फ़र्क़ नही दिखाई देता।😕😕
High risk दवाई केवल आइसीयू में ही उपयोग ली जाती है,,, pregnency मै बीपी का बढ़ जाना eclampsia होता है उसमें भी जान जाने का risk है,,,किसी बात को बिना आधार ऐसे नहीं कह सकते कि गलत injection से जान लेली,,,ये तो बिल्कुल गवारों वाली बात बोली जा सकती है,,,अख़बार वाले भाषा और शैली दोनों का ध्यान रखे,,,,ऐसे गलत injection भरते तो भारत में PHC CHC कब का ही बन्द करना पड़ता
As per information phc pr
Inj.Diclo
Inj.T.T
Inj dexona
Ye Injection puri tarah Safe hote h
अखबार की भाषा का कोई धनी धोरी नहीं.....
आजकल कोई भी पत्रकार बनकर कुछ भी लिख देता है
पता नहीं ऐसा कोनसा इंजेक्शन है ऐसा कोई इंजेक्शन आता है तो सरकार उसको बैन क्यों नहीं करती हद है 🤦♂️क्या एक पी एच सी पर प्रसव होने चाहिये?
-----------------------------
एक पी.एच.सी.पर क्या वो सभी सुविधाएं होती हैं जिस से वहां सुरक्षित प्रसव करवाया जा सके?
प्राइवेट अस्पतालों को jsy के लिए मान्यता देते समय जो मापदंड देखे जाते हैं ,क्या एक सरकारी पीएचसी उन सभी माप दडों को पूरा करती है?यदि बिना मूल भूत सुविधाओं के ,बिना प्रशिक्षित डॉक्टर्स के, बिना स्त्री रोग विशेषज्ञ के,बिना निश्चेतना रोग विशेषज्ञ के ,बिना आपरेशन थिएटर के,बिना पावर बैक अप के,बिना ब्लड बैंक के , छोटे छोटे प्राथमिक स्वास्थ्य केंदों पर प्रसव करवाने के लिए युवा अप्रक्षित डॉक्टर्स को बाध्य करोगे तो नतीजे रामपुर जैसे ही होंगे।
यदि ये घटना किसी प्राइवेट अस्पताल में हुई होती तो सबसे पहला प्रश्न ये पूछा जाता कि क्या संबंधित चिकित्सक के पास प्रसूति रोग विशेषज्ञ की डिग्री या डिप्लोमा था?यदि नही तो उस डॉक्टर को तुरंत सूली पर चढ़ा दिया जाता,अस्पताल को बंद कर दिया जाता,मी लार्ड 50 लाख का जुर्माना लगा देते ।
डॉक्टर्स को हत्यारा,कातिल बोलने वाले निस्वार्थ भावी, परम ईमानदार, कठोर परिश्रमी, जनप्रिय राजनेताओं से ये सवाल कौन पूछेगा कि बिना मूलभूत सुविधाओं वाले सरकारी प्राथमिक स्वास्थ्य केंदों पर प्रसव जैसे जोखिम भरे procedures को करवाने के आदेश कौन देता है?
बेहद संवेदन शील और जोखिम भरी प्रसव प्रक्रिया को हल्के में लेने की भूल आज तक किस किस नेता और अधिकारी ने की है?क्या हमारे जन प्रिय नेता अपने परिजनों के प्रसव किसी सरकारी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद पर करवाने का जोखिम कभी उठा पाएंगे?
यदि नही तो फिर आम जनता ये जोखिम क्यों उठाये?
हर रोज़ कितनी ही प्रसूताएं प्रसव पीड़ा के दौरान गंभीर अवस्था मे हायर सेंटर्स के लिए रेफर की जाती हैं, उनमें से अधिकांश को डॉक्टर्स के द्वारा बचा लिया जाता है लेकिन सरकारें कभी ये सीख क्यों नही लेती की बिना मूलभूत सुविधाओं और प्रशिक्षित चिकित्सकों के प्राथमिक स्वास्थ्य केंदों पर प्रसव नही करवाने चाहिए।
23/12/2018
Click here to claim your Sponsored Listing.
Category
Website
Address
Sarnau
Jaipur
343040