Firoz Khan writes
वो खामोशी से भरा हुआ सख्स, अपने अंदर एक शोर लिए फिरता है।
फिदा तो तेरी हर बात पर हूं मैं,
साथ तेरे दिन रात हूं मैं,
आजमा लेना मेरी वफाओं को तुम,
आखिरी सांस तक तेरे साथ हूं मैं!! 💕💖💗
थोड़ा बहुत हमने भी कमा रखा है,
एक कोहिनूर को यार बना रखा है।💕😍
बेचैन रहते हैं वो लोग, जिन्हें हर बात याद रहती है!!
रूह को चाहने वाले होठों को चूमने से, ज्यादा माथे को चूमना पसंद करते हैं। 💕
रुकने वाला वजह ढूंढता है, और जाने वाला बहाने!!!
काश तुम आओ,
और गले लगा कर कहो, हम भी तो तुम्हारे बिना नहीं रह पाते हैं।। 😘💗
सुनो तुम कई बार मिल चुके होते, तुम जो मिलते अगर दुआओं से। 💕🙏
रह कर सामने ना सुन पाए वो मुझे रत्ती भर, था शायद बहुत शोर महफिल में, ये बुराई है। 😊
✍️अब क्या कहूं मैं
क्या आता है, क्या नहीं आता,
बस मुझे मौसम की तरह
बदलना नहीं आता 💯
लोग रूठ जाते हैं मुझसे और मुझे मनाना नहीं आता मैं चाहता हू क्या मुझे जताना नहीं आता। 😕💔
Click here to claim your Sponsored Listing.
Category
Website
Address
Pune
411062